रांची पुलिस की बड़ी कामयाबी, अंतरराज्यीय बच्चा चोर गिरोह का भंडाफोड़

Archana Ekka
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Inter-State Child-lifting Gang Busted : रांची पुलिस ने एक बहुत बड़े और संगठित बच्चा चोर गिरोह का पर्दाफाश किया है। यह गिरोह मासूम बच्चों का अपहरण (Kidnapping) कर उनसे जबरन भीख मंगवाता था और कई बच्चों को देह व्यापार व मानव तस्करी जैसे अमानवीय कामों में धकेल देता था।

Police की इस कार्रवाई को बड़ी सफलता माना जा रहा है।

मुख्यमंत्री और पुलिस अधिकारियों के निर्देश पर हुई कार्रवाई

इस पूरे ऑपरेशन को मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन, DGP तदाशा मिश्रा और सीआईडी एडीजी मनोज कौशिक के निर्देश पर अंजाम दिया गया।

रांची के SSP राकेश रंजन के नेतृत्व में एक विशेष जांच टीम (SIT) बनाई गई थी, जिसने इस गिरोह को पकड़ने में अहम भूमिका निभाई।

15 आरोपी गिरफ्तार, कई नाम आए सामने

पुलिस ने इस मामले में अब तक 15 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनमें विरोधी खेरवार, एंथोनी खेरवार, प्रमोद कुमार, आशिक गोप, राज रवानी, नव खेरवार, सोनी कुमारी, चांदनी देवी, सीता देवी, दिनू भुइयां, संन्यासी खेरवार, मालिन देवी, बेबी देवी, सोनिया देवी और उपैया खेरवार शामिल हैं।

रविवार को SSP ने Press Conference कर पूरे मामले की जानकारी दी।

रामगढ़ से मिले अहम सुराग

इस केस की शुरुआत एक बच्चे के अपहरण की जांच से हुई थी। जांच के दौरान पुलिस को रामगढ़ से कुछ महत्वपूर्ण सुराग मिले। इसके बाद छापेमारी (Raid) कर बच्चों को सुरक्षित बरामद किया गया।

पुलिस ने मुख्य आरोपी नव खेरवार और सोनी कुमारी को गिरफ्तार कर रिमांड पर लिया। कड़ी पूछताछ में दोनों ने पूरे नेटवर्क का खुलासा किया।

कई राज्यों में फैला था गिरोह

जांच में पता चला कि यह गिरोह सिर्फ झारखंड तक सीमित नहीं था।

इसके तार बिहार, पश्चिम बंगाल और ओडिशा से भी जुड़े हुए थे। गिरोह के सदस्य बच्चों को बहला-फुसलाकर या जबरन उठाकर दूसरे राज्यों में भेज देते थे।

भीख, देह व्यापार और तस्करी में इस्तेमाल

बरामद बच्चों और पुलिस जांच से सामने आया कि इन मासूमों को सार्वजनिक जगहों पर भीख मंगवाने, बेचने, देह व्यापार और मानव तस्करी में इस्तेमाल किया जाता था। यह बात सुनकर हर कोई हैरान है।

12 बच्चे सुरक्षित, आगे भी हो सकती है कार्रवाई

पुलिस ने रांची, रामगढ़ और लातेहार के अलग-अलग इलाकों से कुल 12 बच्चों को मुक्त कराया है। कुछ बच्चों को बिहार और बंगाल में बेचने की बात भी सामने आई है, जिनकी तलाश जारी है। पुलिस का कहना है कि आने वाले दिनों में और गिरफ्तारियां हो सकती हैं।

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अर्चना एक्का को पत्रकारिता का दो वर्ष का अनुभव है। उन्होंने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत इंटर्नशिप से की। इस दौरान उन्होंने झारखंड उजाला, सनमार्ग और इम्पैक्ट नेक्सस जैसे मीडिया संस्थानों में काम किया। इन संस्थानों में उन्होंने रिपोर्टर, एंकर और कंटेंट राइटर के रूप में कार्य करते हुए न्यूज़ रिपोर्टिंग, एंकरिंग और कंटेंट लेखन का अनुभव प्राप्त किया। पत्रकारिता के क्षेत्र में वह सक्रिय रूप से काम करते हुए अपने अनुभव को लगातार आगे बढ़ा रही हैं।