रांची विश्वविद्यालय ने अनुबंध कर्मियों के मानदेय में की 20 प्रतिशत की बढ़ोतरी

रांची विश्वविद्यालय ने अनुबंध कर्मियों के मानदेय में 20 प्रतिशत बढ़ोतरी की। वहीं डॉ. धीरेंद्र त्रिपाठी को प्रभारी प्रॉक्टर नियुक्त किया गया, कानूनी मामलों की जिम्मेदारी मिली।

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रांची : रांची विश्वविद्यालय प्रशासन ने अनुबंध कर्मियों के मानदेय में 20 प्रतिशत की बढ़ोतरी का आदेश जारी किया है, जिससे विवि मुख्यालय, संबद्ध कार्यालयों और अंगीभूत कॉलेजों के कर्मचारियों को राहत मिली है। यह निर्णय कुलपति की मंजूरी के बाद रजिस्ट्रार कार्यालय द्वारा जारी आधिकारिक आदेश के तहत लिया गया है। यह बढ़ोतरी वित्त समिति की 24 जुलाई की बैठक में ली गई अनुशंसा पर आधारित है और इसे अगस्त 2025 से लागू माना जाएगा। इस 20 प्रतिशत मानदेय वृद्धि का लाभ केवल उन्हीं अनुबंध कर्मियों को मिलेगा, जिन्होंने अगस्त 2023 से पहले ज्वाइन किया है और कम से कम दो वर्ष की सेवा पूरी कर ली है। जिन कर्मचारियों को पिछले दो वर्षों के भीतर मानदेय वृद्धि का लाभ मिल चुका है या जो सेवानिवृत्ति के बाद अनुबंध/पुनर्नियुक्ति पर हैं, उन पर यह बढ़ोतरी लागू नहीं होगी।

नई दरों के अनुसार, तृतीय वर्ग के दैनिक वेतनभोगियों को अब 577 रुपये प्रतिदिन और चतुर्थ वर्ग के दैनिक वेतनभोगियों को 420 रुपये प्रतिदिन का भुगतान किया जाएगा।
विश्वविद्यालय ने यह भी स्पष्ट किया है कि भविष्य में पारिश्रमिक में एकसमान वृद्धि सुनिश्चित करने, समानता लाने और पारदर्शिता के लिए एक अलग नीति तैयार की जाएगी।इसी के साथ, रांची विश्वविद्यालय के स्नातकोत्तर राजनीति विज्ञान विभाग के सहायक प्राध्यापक डॉ. धीरेंद्र त्रिपाठी को तत्काल प्रभाव से रांची विवि का प्रभारी प्रॉक्टर नियुक्त किया गया है। उन्हें विश्वविद्यालय के कानूनी मामलों की देखरेख की अतिरिक्त जिम्मेदारी दी गई है। यह नियुक्ति झारखंड राज्य विश्वविद्यालय अधिनियम, 2026 के प्रावधानों के तहत कुलपति के आदेश पर की गई है।

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विनीता चौबे को 10 साल का अनुभव है। उन्होनें सन्मार्ग से पत्रकारिता की शुरुआत की थी। फिर न्यूज विंग, बाइस स्कोप, द न्यूज पोस्ट में भी काम किया। वे राजनीति, अपराध, सामाजिक मुद्दों और स्थानीय घटनाओं से जुड़ी खबरों को सरल और तथ्यात्मक भाषा में पाठकों तक पहुंचाने के लिए जानी जाती हैं। पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय रहते हुए उनका प्रयास रहता है कि जमीनी स्तर की महत्वपूर्ण खबरों को सही और विश्वसनीय जानकारी के साथ लोगों तक पहुंचाया जाए।