

रामगढ़: भूमि अधिग्रहण के एवज में बकाया मुआवजा राशि का भुगतान न करने पर रामगढ़ के सिविल जज (सीनियर डिवीजन-2) शिवेंदु द्विवेदी की अदालत ने कड़ा रुख अपनाया है। अदालत ने रामगढ़ उपायुक्त से संबंधित चल संपत्तियों और उनके सरकारी वाहन की कुर्की करने का सख्त आदेश जारी किया है। इसके साथ ही कोर्ट ने इस वारंट के निष्पादन (तामिली) की विस्तृत रिपोर्ट 7 सितंबर तक अदालत में पेश करने का भी निर्देश दिया है।





यह पूरा मामला रक्षा मंत्रालय के अधीन रामगढ़ कैंट के विस्तार के लिए अधिग्रहीत की गई भूमि के मुआवजे से जुड़ा हुआ है। अदालत के अनुसार, वर्ष 2008 में पारित आदेश के तहत याचिकाकर्ताओं को मूल मुआवजा राशि के साथ-साथ 15 प्रतिशत की वार्षिक दर से ब्याज का भुगतान किया जाना था। हालांकि, अदालत ने पाया कि दो अलग-अलग मामलों में अब तक याचिकाकर्ताओं को क्रमश: 1 करोड़ 2 लाख 95 हजार 279 रुपये और 3 करोड़ 72 लाख 42 हजार 295 रुपये का भुगतान नहीं किया गया है। लंबे समय से मुआवजे की बकाया राशि का भुगतान न होने पर न्यायालय ने वसूली के लिए रामगढ़ उपायुक्त से संबंधित सरकारी वाहन समेत अन्य चल संपत्तियों की कुर्की का आदेश सुनाया।
