जरांगे के मराठा आरक्षण आंदोलन के समर्थन में पहुंचे एक प्रदर्शनकारी की मौत

Archana Ekka
2 Min Read
WhatsApp Group Join Now
Instagram Follow Now

जालना (महाराष्ट्र) : मराठा आरक्षण की मांग को लेकर कार्यकर्ता मनोज जरांगे के आंदोलन के समर्थन में महाराष्ट्र के जालना जिले में पहुंचे एक प्रदर्शनकारी की बृहस्पतिवार को संदिग्ध तौर पर दिल का दौरा पड़ने से मौत हो गई। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। अंबड के सरकारी अस्पताल के चिकित्सक डॉ. स्वप्निल पाटील ने बताया कि मौत के सही कारण की पुष्टि शव का पोस्टमार्टम होने के बाद ही होगी।

जरांगे के एक समर्थक ने बताया कि बीड जिले के संगम निवासी दशरथ राईकर जालना से करीब 100 किलोमीटर दूर स्थित अपने गांव से चलकर आंदोलन के समर्थन में अंतरवाली सराटी गांव पहुंचे थे। जरांगे पिछले छह दिनों से यहां आरक्षण की मांग को लेकर भूख हड़ताल कर रहे हैं।

उन्होंने बताया कि राईकर बुधवार रात प्रदर्शन स्थल के पास एक खेत में बने पार्किंग क्षेत्र में सोए थे। बृहस्पतिवार सुबह काफी देर तक उनके नहीं जागने पर साथी प्रदर्शनकारियों द्वारा उन्हें अंबड के एक अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

शव को पोस्टमार्टम के लिए अंबड के उप-जिला अस्पताल भेज दिया गया है। चिकित्सकों को आशंका है कि राईकर को दिल का दौरा पड़ा था, लेकिन मौत का सही कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही पता चलेगा। जरांगे ने 29 अगस्त को जालना जिले के अंतरवाली सराटी में अपनी नवीनतम अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल शुरू की थी।

Share This Article
अर्चना एक्का को पत्रकारिता का दो वर्ष का अनुभव है। उन्होंने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत इंटर्नशिप से की। इस दौरान उन्होंने झारखंड उजाला, सनमार्ग और इम्पैक्ट नेक्सस जैसे मीडिया संस्थानों में काम किया। इन संस्थानों में उन्होंने रिपोर्टर, एंकर और कंटेंट राइटर के रूप में कार्य करते हुए न्यूज़ रिपोर्टिंग, एंकरिंग और कंटेंट लेखन का अनुभव प्राप्त किया। पत्रकारिता के क्षेत्र में वह सक्रिय रूप से काम करते हुए अपने अनुभव को लगातार आगे बढ़ा रही हैं।