नई दिल्ली: भारतीय वायुसेना ने शनिवार को 1965 के भारत-पाकिस्तान युद्ध के दौरान कलाइकुंडा के ऊपर हुई ऐतिहासिक हवाई लड़ाई के दौरान अदम्य साहस का परिचय देने वाले फ्लाइट लेफ्टिनेंट (सेवानिवृत्त) अल्फ्रेड टाइरोन कुक को श्रद्धांजलि दी। वायुसेना के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि ‘वीर चक्र’ से सम्मानित कुक का शुक्रवार को दिल्ली में निधन हो गया। भारतीय वायुसेना ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट के जरिये कुक को श्रद्धांजलि दी और युद्ध के दौरान उनके अदम्य साहस एवं वीरता को याद किया।
वायुसेना ने ‘एक्स’ पर लिखा, ‘‘भारतीय वायुसेना के सभी वायु योद्धा ‘वीर चक्र’ से सम्मानित फ्लाइट लेफ्टिनेंट अल्फ्रेड टाइरोन कुक के निधन पर गहरी संवेदना व्यक्त करते हैं। एक युद्ध नायक, जिनका साहस सैन्य विमानन के इतिहास में हमेशा दर्ज रहेगा, फ्लाइट लेफ्टिनेंट कुक ने 1965 के भारत-पाक युद्ध के दौरान अदम्य वीरता का परिचय दिया।’’
वायुसेना ने उनकी एक पुरानी तस्वीर भी साझा की।
उसने कहा, ‘‘कलाइकुंडा के ऊपर उनकी ऐतिहासिक हवाई लड़ाई आक्रामक हवाई युद्ध और अटूट संकल्प का उत्कृष्ट उदाहरण बनी हुई है। असाधारण वीरता, सामरिक कौशल और अपनी जान की परवाह किए बिना किए गए साहसिक कार्य के लिए उन्हें वीर चक्र से सम्मानित किया गया था। उनकी स्मृति आने वाली पीढ़ियों के वायु योद्धाओं को प्रेरित करती रहेगी।’’ पश्चिम बंगाल स्थित कलाइकुंडा वायुसेना अड्डे के ऊपर 1965 के युद्ध के दौरान भारतीय वायुसेना के पायलटों और पाकिस्तानी वायुसेना के सेबर विमानों को उड़ा रहे पायलटों के बीच भीषण हवाई संघर्ष हुआ था।


