जब प्रदेश भाजपा अध्यक्ष आदित्य साहू ने सांसद ढुल्लू महतो की लगाई क्लास

धनबाद भाजपा में अंदरूनी विवाद गरमाया, जिलाध्यक्ष के अपमान से नाराज आदित्य साहू ने सांसद ढुल्लू महतो को लगाई फटकार, संगठन में सम्मान और संतुलन बनाए रखने की नसीहत दी।

Neeral Prakash
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सुनील सिंह

धनबाद की राजनीति में मेयर संजीव सिंह और सांसद ढुल्लू महतो के बीच चल रही तनातनी के बीच एक खबर और भाजपा की अंदरूनी राजनीति में गरम है। यह मामला भाजपा के संगठन और सांसद ढुल्लू महतो से ही जुड़ा हुआ है। धनबाद संसदीय क्षेत्र के एक जिलाध्यक्ष इन दिनों सांसद ढुल्लू महतो के व्यवहार से दुखी और आहत हैं। क्योंकि सांसद ने इनको अपमानित किया है। खरी-खोटी सुनाई वह भी अपने दरवाजे पर।

बीते हफ्ते क्षेत्र के एक जिलाध्यक्ष सांसद से मिलने उनके घर पहुंचे। 3 घंटे तक मिलने के लिए बैठे रहे। बहुत आरजू मिन्नत के बाद सांसद निकले और अध्यक्ष को देखते ही गुस्से से लाल हो गए। खरी-खोटी सुनाई, भला-बुरा कहा। कहा, संगठन में एक भी तेली समाज का आदमी नहीं है। आप लोग मनमानी करते हैं। ऐसे नहीं चलेगा। अध्यक्ष सांसद का व्यवहार देखकर दंग रह गए। मुंह लटकाए और आंखें डबडबा कर तुरंत निकल गए। धनबाद से सीधे रांची आए और प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू के घर पहुंच गए। आदित्य साहू को अपनी पीड़ा बताई और कहा, अब मैं जिलाध्यक्ष नहीं रहूंगा। मेरा इस्तीफा लीजिए। बहुत बेइज्जती हुई। अपमानित किया गया। क्या इसीलिए आपने अध्यक्ष बनाया था। इतने दिनों से संगठन में गाली सुनने के लिए काम कर रहे हैं। आदित्य साहू के सामने जिलाध्यक्ष के आंसू निकल आए। कहा, जब अध्यक्ष को 3 घंटा इंतजार करना पड़ा तो कार्यकर्ता का हाल जान क्या होगा। अब आदित्य साहू संगठन के आदमी हैं। जमीन से ऊपर उठकर आए हैं। उन्हें एक-एक कार्यकर्ता का दर्द पता है। उन्होंने तत्काल सांसद ढुल्लू महतो को फोन लगाया। जमकर क्लास ली। बहुत कुछ कह दिया।

आदित्य साहू को कभी इतने गुस्से में नहीं देखा गया और न कभी किसी को इस तरह बोलते हुए ही देखा गया। कहा, क्या एक समाज से पार्टी और संगठन चलेगा। जाति का नेता मत बनो। सर्व समाज का नेता बानो। यही हाल रहा तो आगे बहुत मुश्किल होगी। बहुत शिकायत मिलती है। हम भी तेली समाज से आते हैं। कार्यकर्ताओं को सम्मान देना पड़ेगा। आदित्य साहू गुस्से में बहुत सारी बातें कह गए जो यहां लिखना मुनासिब नहीं है।

दरअसल, धनबाद संसदीय क्षेत्र में तीन जिलाध्यक्ष हैं और इन तीनों अध्यक्षों को सांसद पसंद नहीं करते हैं। उनके मन के मुताबिक अध्यक्षों का चयन नहीं हुआ है। इसलिए वह नाराज रहते हैं।

लेखक वरिष्ठ पत्रकार हैं।

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नीरल प्रकाश के पास पत्रकारिता में 2 वर्षों का अनुभव है। उन्होंने एंकरिंग, रिपोर्टिंग और स्क्रिप्ट राइटिंग में काम किया है। पिछले 2 सालों से वे IDTV इंद्रधनुष के साथ काम कर रही हैं, जहां उन्होंने ऑन-एयर प्रस्तुतिकरण के साथ-साथ बैकएंड कंटेंट क्रिएशन में भी योगदान दिया। समाचार रिपोर्टिंग के अलावा, उन्होंने आकर्षक स्क्रिप्ट तैयार करने और कहानी को पेश करने का अनुभव भी प्राप्त किया है।