
पटना : गठिया रोग विशेषज्ञ डॉ देवनीस खेस्स ने कहा है कि गठिया और ऑटो इम्यून रोग का अगर समय पर इलाज हो तो बीमारी ठीक हो सकती है। उन्होंने कहा कि ऑटो इम्यून रोग अगर फर्स्ट स्टेज में ही पकड़ में आ जाए तो उनका इलाज बेहतर होता है और उनके ठीक होने की संभावना भी ज्यादा रहती है। वे मुजफ्फरपुर में आयोजित मेडिसीन अपडेट परिचर्चा में बोल रहे थे।
इस परिचर्चा का विषय रयूमेटोलॉली और इम्यूनोलॉजी मेड इजी थ्रू इंटरेस्टिंग केस डिस्कशन था। कार्यक्रम के ऑर्गेनाइजिंग चेयरमैन डॉ अमित कुमार दास थे। इस परिचर्चा में डॉ देवनीश ने गठिया, वात और ऑटो इम्यून रोगों पर चर्चा की। उन्होंने कहा कि कई दफा गठिया और वात के रोगों के मरीजों में आम बीमारियों के लक्षण होते हैं। कई दफा ऐसे मरीजों की किडनी से नमक निकल रहा होता है। मेरे पास एक मरीज आया था और गठिया के उस मरीज को पैर में घाव हो गया था। ऐसे मरीजों में आम बीमारी के लक्षण लंबे दिनों तक रहे तो समझिए की उसे ऑटो इम्यून बीमारी है। ऐसे में किसी विशेषज्ञ डॉक्टर से सलाह करनी चाहिए और मरीज को उपयुक्त दवाएं लेनी चाहिए।

