नई दिल्ली: प्राचीन गुरुकुलों में शिक्षा की परंपरा से लेकर आधुनिक डिजिटल कक्षाओं और भविष्य के करियर विकल्पों तक, भारतीय शिक्षा प्रणाली के सफर को अब एक ही छत के नीचे अनुभव किया जा सकेगा। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) के नए अनुभव केंद्र में विद्यार्थी न केवल देश की शैक्षिक विरासत से रूबरू होंगे, बल्कि विज्ञान, पर्यावरण और भविष्य की दुनिया को भी करीब से समझ सकेंगे। केंद्रीय शिक्षा मंत्री प्रह्लाद जोशी ने मंगलवार को इस केंद्र का उद्घाटन किया। छह हजार वर्ग फुट में फैले इस केंद्र में 12 प्रमुख क्षेत्र और 21 प्रदर्शनियां हैं, जिनके माध्यम से प्राचीन परंपराओं और आधुनिक शिक्षा के बीच संबंध दर्शाया गया है।



