रैयत विस्थापित मोर्चा ने मनाया विश्व आदिवासी दिवस

खलारी के डकरा में रैयत विस्थापित मोर्चा ने विश्व आदिवासी दिवस मनाया। बिरसा मुंडा और नीलांबर-पीतांबर को श्रद्धांजलि देकर वृक्षारोपण किया गया और पारंपरिक नृत्य से संस्कृति प्रदर्शित की।

Razi Ahmad
2 Min Read
WhatsApp Group Join Now
Instagram Follow Now

Khalari News : रैयत स्थापित मोर्चा कार्यालय डकरा में विश्व आदिवासी दिवस धूमधाम के साथ मनाया गया। कार्यक्रम की शुरुआत भगवान बिरसा मुंडा एवं वीर नीलांबर-पीतांबर के चित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि देने के साथ हुई। इसके बाद मोर्चा के सदस्यों द्वारा विश्व आदिवासी दिवस के अवसर पर कार्यालय परिसर में बृहद पैमाने पर वृक्षारोपण किया गया।

वृक्षारोपण के पश्चात उपस्थित लोगों ने ढोल-नगाड़ों की थाप पर पारंपरिक आदिवासी वेशभूषा में सामूहिक नृत्य कर अपनी संस्कृति और परंपराओं का प्रदर्शन किया।

इस दौरान पूरे परिसर में उत्साह और उमंग का माहौल बना रहा। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए बिगन सिंह भोगता ने कहा कि विश्व आदिवासी दिवस आदिवासी समाज की गौरवशाली संस्कृति, परंपरा, भाषा और पहचान को संरक्षित एवं संवर्धित करने का संदेश देता है। आदिवासी समुदाय ने सदियों से प्रकृति के संरक्षण, सामाजिक समरसता और मानवता के मूल्यों को जीवित रखा है।

भगवान बिरसा मुंडा, सिद्धो -कान्हू, चांद-भैरव तथा नीलांबर-पीतांबर जैसे महान आदिवासी वीरों के संघर्ष और बलिदान से प्रेरणा लेकर समाज को शिक्षा, एकता और विकास के मार्ग पर आगे बढ़ना चाहिए।

मौके पर रंथु उरांव, जगरनाथ महतो,जालिम सिंह,रामलखन गंझू, विनय खलखो, अमृत भोगता, सोमरा गंझू,प्रभाकर गंझू, राजकुमार उरांव, भरत गंझू, रवि उरांव, दामोदर गंझू, राजेंद्र उरांव, किसुन मुंडा,पंकज मुंडा, सुभाष उरांव, तौहीद अंसारी ,मधु गंझु, अशोक उरांव, जगदीश गंझू सहित कई लोग मौजूद थे।

Share This Article
रजी अहमद एक उभरते हुए कंटेंट राइटर हैं, जिन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में लगभग दो वर्षों का अनुभव है। उन्होंने न्यूज़ अरोमा में काम करते हुए विभिन्न विषयों पर लेखन किया और अपनी लेखन शैली को मजबूत बनाया। अपने कार्यकाल के दौरान उन्होंने कंटेंट राइटिंग, न्यूज़ लेखन और मीडिया से जुड़े विभिन्न पहलुओं में अच्छा अनुभव हासिल किया। वह लगातार सीखते हुए अपने करियर को आगे बढ़ा रहे हैं।