नाबालिग के साथ दुष्कर्म करने वाले को 5 साल बाद सुनाई गई आजीवन कारावास की सजा

वहीं दुष्कर्म के इस मामले में एक अन्य आरोपी मनीष महतो के नाबालिग होने के कारण यह मामला फिलहाल बाल न्यायालय यानी जुबेनाइल जस्टिस बोर्ड (Juvenile Justice Board) में चल रहा है

News Update
2 Min Read
WhatsApp Group Join Now
Instagram Follow Now

गिरिडीह: जिले के तृतीय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश और POCSO के विशेष न्यायाधीश यशवंत प्रकाश की कोर्ट ने 5 साल पूर्व नाबालिग के साथ हुए दुष्कर्म (Rape) के आरोपी कैलाश कुमार को आजीवन कारावास की सजा सुनाई।

यह मामला गिरिडीह (Giridih) के सरिया थाना के चिचाकी गांव का है। इस मामले में सरकारी वकील सुधीर कुमार और बचाव पक्ष के अधिवक्ता सुशील दास ने पैरवी की थी।

इस दौरान बचाव पक्ष के वकील के कम सजा की अपील को मानने से भी कोर्ट ने साफ इंकार कर दिया।

एक अन्य नाबालिग आरोपी की सजा बाकी

कोर्ट ने IPC की धारा 376 और POCSO एक्ट की धारा 4 के तहत आरोपी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। साथ ही 30 हजार जुर्माने की भी सजा सुनाई।

वहीं दुष्कर्म के इस मामले में एक अन्य आरोपी मनीष महतो के नाबालिग होने के कारण यह मामला फिलहाल बाल न्यायालय यानी जुबेनाइल जस्टिस बोर्ड (Juvenile Justice Board) में चल रहा है।

ऐसे में जुबेनाइल जस्टिस बोर्ड का फैसला आना अभी बाकी है।

फोन और पैसे का लालच देकर किया दुष्कर्म

बता दें कि नाबालिग के साथ दो आरोपियों ने दुष्कर्म किया था। पीड़िता ने आरोपियों के खिलाफ दर्ज प्राथमिकी में आरोप लगाया था कि लगातार पीछा करते रहने के बाद 12 नवंबर 2018 को आरोपी कैलाश ने नया मोबाइल फोन और पैसे का लालच देकर उसके साथ दुष्कर्म किया और किसी को बताने पर उसे जान से मारने की धमकी भी दी थी।

आरोपी के दोस्त ने भी झांसा देकर उसके साथ दुष्कर्म किया था। बाद में पीड़िता ने 14 नवंबर को मामले की प्राथमिकी दर्ज कराई थी।

TAGGED:
Share This Article