
कोलकाता : पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के पहले चरण में हुई गड़बड़ियों के बाद चुनाव आयोग ने सख्त कदम उठाया है। आयोग ने चार जिलों की छह विधानसभा सीटों पर दोबारा मतदान कराने का फैसला लिया है। 23 अप्रैल को हुए पहले चरण में राज्य के 152 विधानसभा क्षेत्रों में वोटिंग हुई थी, जिसमें रिकॉर्ड मतदान दर्ज किया गया। लेकिन इस दौरान कई जगहों से हिंसा, झड़प और मतदान प्रक्रिया में बाधा की खबरें भी सामने आईं। कुछ इलाकों में पत्थरबाजी हुई, तो कई जगह राजनीतिक कार्यकर्ताओं के बीच टकराव देखने को मिला।
इतना ही नहीं, कुछ जगहों पर ईवीएम को लेकर शिकायतें आईं और मशीनों में गड़बड़ी की बात भी सामने आई। वहीं, कुछ बूथों पर मतदाताओं को डराने-धमकाने के आरोप भी लगे, जिससे माहौल तनावपूर्ण हो गया। इन घटनाओं को गंभीरता से लेते हुए चुनाव आयोग ने जांच कराई और जिन बूथों व इलाकों में गड़बड़ी पाई गई, वहां का मतदान रद्द कर दिया गया।
चुनाव आयोग का कहना है कि जिन जगहों पर दोबारा वोटिंग होगी, वहां कानून-व्यवस्था प्रभावित हुई थी, निष्पक्ष और स्वतंत्र मतदान में बाधा आई थी या फिर तकनीकी व प्रशासनिक गड़बड़ी सामने आई थी। आयोग पहले ही साफ कर चुका था कि कहीं भी गड़बड़ी या छेड़छाड़ मिलने पर दोबारा मतदान कराया जाएगा। चुनाव को शांतिपूर्ण और निष्पक्ष बनाने के लिए पहले से ही हजारों संवेदनशील बूथ चिन्हित किए गए थे। साथ ही केंद्रीय बलों की तैनाती बढ़ाई गई और वेबकास्टिंग के जरिए निगरानी भी कड़ी की गई थी।

