
रांची : प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष केशव महतो कमलेश ने भाजपा प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू की ओर से राहुल गांधी और हेमंत सोरेन सरकार पर लगाए गए आरोपों पर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि भाजपा छात्रों के आंदोलन को राजनीतिक हथियार बनाने की घटिया कोशिश कर रही है।
भाजपा को छात्रों के हित की इतनी ही चिंता है तो वह पहले केंद्र और भाजपा शासित राज्यों में युवाओं के साथ हुए अन्याय का जवाब दे।
उन्होंने कहा कि राहुल गांधी छात्रों के साथ खड़े हैं, उनकी आवाज संसद से सड़क तक उठा रहे हैं और छात्रों से सीधे संवाद कर रहे हैं। इसके बावजूद भाजपा का राहुल गांधी से सवाल पूछना हास्यास्पद है। भाजपा को यह बताना चाहिए कि पिछले वर्षों में देश में हुए पेपर लीक, बेरोजगारी और भर्ती परीक्षाओं की अव्यवस्था पर प्रधानमंत्री और केंद्रीय शिक्षा मंत्री से उसने कितनी बार जवाब मांगा?
केशव महतो कमलेश ने कहा कि भाजपा छात्रों के दर्द पर घड़ियाली आंसू बहाना बंद करे। झारखंड के छात्र अपने अधिकार और भविष्य की लड़ाई लड़ रहे हैं। कांग्रेस छात्रों की जायज मांगों, निष्पक्ष जांच और पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया के पक्ष में स्पष्ट रूप से खड़ी है। छात्रों की समस्याओं का समाधान राजनीतिक नारेबाजी से नहीं, बल्कि गंभीर बातचीत और संवेदनशील निर्णय से होगा।
उन्होंने कहा कि भाजपा का यह आरोप कि राहुल गांधी के इशारे पर झारखंड में पुलिस कार्रवाई हुई, पूरी तरह झूठ, बेबुनियाद और राजनीतिक दुर्भावना से प्रेरित है। राहुल गांधी किसी भी लोकतांत्रिक आंदोलन में हिंसा या दमन के समर्थक नहीं रहे हैं। भाजपा नेताओं को अपने आरोपों का आधार बताना चाहिए, केवल झूठ बोलने से कोई आरोप सच नहीं हो जाता।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि भाजपा को अगर छात्रों की इतनी ही चिंता है तो वह केंद्र सरकार पर दबाव डालकर देशभर में भर्ती परीक्षाओं की पारदर्शिता सुनिश्चित करवाए। युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ करने वाली व्यवस्थाओं के खिलाफ कांग्रेस लगातार आवाज उठाती रही है। भाजपा संसद परिसर में तख्तियां लेकर फोटो खिंचवाने की राजनीति छोड़कर छात्रों के भविष्य के लिए ठोस कदम उठाए।
उन्होंने कहा कि आदित्य साहू को यह भी बताना चाहिए कि भाजपा शासित राज्यों में जब छात्र और युवा अपनी मांगों को लेकर सड़कों पर उतरते हैं, तब भाजपा की सरकारों का रवैया क्या होता है। दूसरे राज्यों में लाठी चले तो कानून-व्यवस्था और झारखंड में कोई प्रशासनिक कार्रवाई हो तो लोकतंत्र की हत्या—यह भाजपा का दोहरा मापदंड है।
कमलेश ने कहा कि कांग्रेस सत्ता की मलाई नहीं खाती, बल्कि जनता के सवालों के लिए सत्ता के भीतर भी अपनी आवाज मजबूती से रखती है। भाजपा को गठबंधन धर्म और लोकतांत्रिक मर्यादा की समझ नहीं है। कांग्रेस का उद्देश्य छात्रों के भविष्य को सुरक्षित करना है, जबकि भाजपा हर जनमुद्दे को चुनावी मुद्दा बनाकर राजनीतिक लाभ लेने में लगी है।
उन्होंने भाजपा को चुनौती देते हुए कहा कि अगर भाजपा सच में छात्रों की हितैषी है तो वह केंद्र सरकार से देशभर में भर्ती परीक्षाओं की व्यवस्था पर श्वेतपत्र जारी करवाए और पेपर लीक तथा परीक्षा अनियमितताओं पर कठोर कार्रवाई सुनिश्चित करे। केवल झारखंड को निशाना बनाकर युवाओं को गुमराह करने से भाजपा की राजनीति बेनकाब हो चुकी है।
प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि छात्रों को न्याय चाहिए, भाजपा की राजनीतिक नौटंकी नहीं। कांग्रेस छात्रों के साथ संवाद, समाधान और न्याय की राजनीति में विश्वास करती है। भाजपा चाहे जितना शोर मचा ले, छात्रों के भविष्य के सवाल को राजनीतिक हथकंडा नहीं बनने दिया जाएगा।
उन्होंने स्पष्ट कहा कि राहुल गांधी पर उंगली उठाने से पहले भाजपा अपने शासनकाल और अपने नेताओं के कार्यों का हिसाब जनता को दे। झारखंड के छात्रों के अधिकारों की लड़ाई में कांग्रेस पूरी मजबूती के साथ उनके साथ खड़ी है और किसी भी छात्र के साथ अन्याय होने पर पार्टी लोकतांत्रिक तरीके से उसकी आवाज बुलंद करती रहेगी।

