बाइक को बचाने के चक्कर में होटल में घुसा ट्रेलर
जानकारी के अनुसार, ट्रेलर चास की ओर से पुरुलिया जा रहा था। इसी दौरान नगेन मोड़ के पास चालक ने एक मोटरसाइकिल को बचाने का प्रयास किया। इस दौरान वाहन अनियंत्रित हो गया और सड़क किनारे बने होटल में जा घुसा। हादसे में होटल में बैठे दो ग्राहकों की मौके पर ही मौत हो गई।


दुर्घटना में होटल संचालिका साधना देवी (35), रंजीत महतो (55), रुस्तम अंसारी (40) और ट्रेलर चालक घायल हो गए। स्थानीय लोगों और पुलिस की मदद से सभी घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया। ट्रेलर चालक की हालत गंभीर बताई जा रही है।
मृतकों की पहचान, दो परिवारों पर टूटा दुखों का पहाड़
हादसे में जान गंवाने वालों की पहचान सरदाहा गांव निवासी 71 वर्षीय गुहिराम झा और 51 वर्षीय सिदाम राय के रूप में हुई है। दोनों घटना के समय होटल में बैठकर चाय पी रहे थे।
सिदाम राय दिव्यांग थे और भीख मांगकर अपने परिवार का भरण-पोषण करते थे। उनकी मौत के बाद परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। उनकी पत्नी के अनुसार, परिवार में 10 वर्षीय बेटा राजेश राय और 15 वर्षीय बेटी सोनामनी कुमारी हैं। परिवार के पास अपना घर भी नहीं है और वे सरदाहा में रिश्तेदार के यहां रह रहे थे। पति की मौत के बाद परिवार के सामने रोजी-रोटी का गंभीर संकट खड़ा हो गया है।
मुआवजे और सड़क चौड़ीकरण की मांग पर पांच घंटे तक जाम
हादसे के बाद आक्रोशित ग्रामीणों और स्थानीय लोगों ने NH-32 पर सड़क जाम कर दिया। प्रदर्शनकारी सड़क चौड़ीकरण और मृतकों के परिजनों को मुआवजा देने की मांग कर रहे थे। करीब पांच घंटे तक चले जाम के कारण इस मार्ग पर वाहनों की आवाजाही प्रभावित रही।
स्थानीय लोगों का कहना है कि पुरुलिया रोड पर लगातार दुर्घटनाएं हो रही हैं। सड़क संकरी होने और वाहनों की आवाजाही के कारण हादसों का खतरा बना रहता है। ग्रामीणों ने संबंधित विभाग से सड़क चौड़ीकरण के लिए ठोस कदम उठाने की मांग की।
मौके पर पहुंचे बीडीओ, सरकारी सहायता का आश्वासन
घटना की सूचना मिलने पर चास प्रखंड विकास पदाधिकारी डॉ. प्रदीप कुमार घटनास्थल पहुंचे। उन्होंने मृतकों और घायलों के परिजनों से मुलाकात कर उन्हें सांत्वना दी और सरकारी प्रावधानों के तहत सहायता दिलाने का आश्वासन दिया।
प्रशासन और जनप्रतिनिधियों की पहल के बाद लिखित आश्वासन मिलने पर ग्रामीणों ने सड़क जाम समाप्त कर दिया। इसके बाद NH-32 पर यातायात सामान्य हो गया।
सड़क सुरक्षा को लेकर उठे सवाल
इस हादसे के बाद NH-32 पर सड़क सुरक्षा और चौड़ीकरण का मुद्दा एक बार फिर चर्चा में आ गया है। स्थानीय जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों ने सड़क को सुरक्षित बनाने के लिए जरूरी कदम उठाने की मांग की है। लोगों का कहना है कि समय रहते उचित व्यवस्था की जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की दर्दनाक घटनाओं को रोका जा सके।


