मनोविज्ञान, मानसिक स्वास्थ्य और AI के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य के लिए डॉ. धर्मेंद्र व डॉ. भाग्यश्री सम्मानित

जमशेदपुर में शिक्षा और मानसिक स्वास्थ्य के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए डॉ. धर्मेंद्र रजक और डॉ. भाग्यश्री कर सम्मानित हुए, कार्यक्रम में AI तकनीक पर भी चर्चा हुई।

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जमशेदपुर: शिक्षा, मनोविज्ञान और सामाजिक क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले शिक्षाविदों का सम्मान करने के उद्देश्य से स्वपरिखा क्षेत्र विकास ट्रस्ट एवं नेचर फाउंडेशन के संयुक्त तत्वावधान में शिक्षकों का सम्मान, शिक्षा का उत्थान समारोह आयोजित किया गया। कदमा स्थित कलाकृति प्रेक्षागृह में आयोजित इस कार्यक्रम में जमशेदपुर के विधायक सरयू राय ने कोल्हान विश्वविद्यालय चाईबासा के मनोविज्ञान विभाग के सहायक प्रोफेसर डॉ. धर्मेंद्र रजक और ब्रेन डायनेमिक्स रांची की निदेशक डॉ. भाग्यश्री कर को मनोविज्ञान एवं मानसिक स्वास्थ्य के क्षेत्र में उनके उत्कृष्ट कार्यों के लिए विशेष रूप से सम्मानित किया।

डॉ. धर्मेंद्र रजक अध्यापन और अकादमिक कार्यों के साथ-साथ तनाव प्रबंधन, मनोवैज्ञानिक मूल्यांकन, काउंसलिंग स्किल्स और साइकोसोशल वेल-बीइंग जैसे विषयों पर लगातार काम कर रहे हैं। वे समाज में मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता फैलाने और विद्यार्थियों व शिक्षकों के लिए मनोवैज्ञानिक सहयोग की आवश्यकता पर जोर दे रहे हैं। इसके अलावा, वे मनोविज्ञान और मानसिक स्वास्थ्य के क्षेत्र में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और आधुनिक तकनीक के संभावित उपयोग, इसके प्रभावों और नैतिक पहलुओं पर भी शोध एवं अध्ययन कर रहे हैं। जिससे कि काउंसलिंग और मानसिक स्वास्थ्य सेवाओं को अधिक प्रभावी और सुलभ बनाया जा सके।

वहीं डॉ. भाग्यश्री कर क्लिनिकल साइकोलॉजी, साइकोथेरेपी और कम्युनिटी मेंटल हेल्थ के क्षेत्र में सक्रिय हैं। उनका मुख्य उद्देश्य समाज में मानसिक स्वास्थ्य को लेकर बनी झिझक और भ्रांतियों को दूर कर जरूरतमंदों तक सही समय पर उचित मनोवैज्ञानिक सहायता पहुंचाना है। वहीं वक्ताओं ने कहा कि वर्तमान समय में शिक्षा और मानसिक स्वास्थ्य एक-दूसरे के पूरक हैं। युवाओं में बढ़ते तनाव, चिंता और भावनात्मक चुनौतियों से निपटने के लिए समय पर उचित काउंसलिंग बेहद जरूरी है। इस दौरान शिक्षा और मानसिक स्वास्थ्य के क्षेत्र में AI जैसी आधुनिक तकनीकों व वैज्ञानिक दृष्टिकोण को अपनाने की आवश्यकता पर भी बल दिया गया।

कार्यक्रम में कोल्हान विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. अंजिला गुप्ता, नीलांबर पितांबर विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. दिनेश कुमार सिंह, विनोबा भावे विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. चंद्रभूषण शर्मा, एनआईटी जमशेदपुर के निदेशक प्रो. गौतम सूत्रधर तथा रांची विश्वविद्यालय के रजिस्ट्रार डॉ. ज्योति प्रकाश सहित कई गणमान्य अतिथि उपस्थित थे।

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विनीता चौबे को 10 साल का अनुभव है। उन्होनें सन्मार्ग से पत्रकारिता की शुरुआत की थी। फिर न्यूज विंग, बाइस स्कोप, द न्यूज पोस्ट में भी काम किया। वे राजनीति, अपराध, सामाजिक मुद्दों और स्थानीय घटनाओं से जुड़ी खबरों को सरल और तथ्यात्मक भाषा में पाठकों तक पहुंचाने के लिए जानी जाती हैं। पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय रहते हुए उनका प्रयास रहता है कि जमीनी स्तर की महत्वपूर्ण खबरों को सही और विश्वसनीय जानकारी के साथ लोगों तक पहुंचाया जाए।