रांची : रांची में 108 एम्बुलेंस कर्मियों का काला बिल्ला लगाकर विरोध प्रदर्शन दूसरे दिन भी जारी रहा। वही सरकार की चुप्पी पर सवाल उठने लगे हैं। झारखण्ड प्रदेश एम्बुलेंस कर्मचारी संघ के आह्वान पर राज्यभर के 108 आपातकालीन एम्बुलेंस कर्मचारियों ने अपनी लंबित मांगों के समर्थन में आंदोलन के दूसरे दिन भी शांतिपूर्ण विरोध दर्ज कराया। कर्मचारियों ने सेवा बाधित किए बिना और अपनी जिम्मेदारियों को निभाते हुए काला बिल्ला लगाकर कार्य किया। संघ का आरोप है कि राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के निर्देशों के तहत जिला स्तर पर सरकारी माध्यम से एम्बुलेंस सेवा के संचालन, हटाए गए कर्मियों की पुनर्बहाली और न्यूनतम वेतन, ईपीएफ, ईएसआई व ओवरटाइम जैसे वैधानिक अधिकारों को लेकर बार-बार ध्यान दिलाने के बावजूद सरकार पूरी तरह मौन साधे हुए है।
संघ के प्रदेश अध्यक्ष नीरज तिवारी ने सरकार की इस चुप्पी पर चिंता व्यक्त करते हुए तत्काल वार्ता और समाधान की मांग की है। कर्मचारियों का यह विरोध प्रदर्शन 19 सितंबर तक काला बिल्ला लगाकर जारी रहेगा, जिसके बाद आंदोलन को चरणबद्ध तरीके से आगे बढ़ाते हुए कैंडल मार्च, भिक्षाटन और धरना-प्रदर्शन का आयोजन किया जाएगा। यदि इसके बाद भी मांगों पर कोई सकारात्मक पहल नहीं हुई, तो कर्मचारी 25 सितंबर को एक दिवसीय पूर्ण हड़ताल करेंगे और मांगें पूरी न होने की स्थिति में 28 सितंबर से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाने को मजबूर होंगे।

