
Jharkhand Disaster Management : राज्य में लगातार हो रहे वज्रपात, आंधी-तूफान और अन्य प्राकृतिक आपदाओं को देखते हुए झारखंड राज्य आपदा प्रबंधन विभाग ने सभी जिलों के उपायुक्तों (DC) को पत्र जारी कर नुकसान का विस्तृत ब्योरा मांगा है। विभाग ने निर्देश दिया है कि पिछले एक सप्ताह में वज्रपात, तेज आंधी और अन्य आपदाओं से हुए जान-माल व फसल नुकसान की रिपोर्ट जल्द उपलब्ध कराई जाए।
सरकार ने प्रभावित लोगों को राहत और मुआवजा देने के लिए 100 करोड़ रुपये जारी करने की बात कही है, ताकि जरूरत के अनुसार जिलों को सहायता राशि उपलब्ध कराई जा सके।
‘सचेत’ ऐप से मिलेगी समय पर चेतावनी
प्राकृतिक आपदाओं से लोगों को पहले से सतर्क करने के उद्देश्य से विभाग ने ‘सचेत’ ऐप लॉन्च किया है। इस ऐप के जरिए लोगों को आंधी, तूफान और वज्रपात जैसी घटनाओं की पूर्व सूचना मिलेगी, जिससे वे सुरक्षित स्थानों पर जाकर खुद को बचा सकें।
विभाग का मानना है कि समय पर अलर्ट मिलने से जान-माल के नुकसान को काफी हद तक कम किया जा सकता है।
हीट वेव और सांप काटने से मौतों का भी मांगा गया डेटा
आपदा प्रबंधन विभाग ने जिलों से हीट वेव (लू) और सांप काटने की घटनाओं में हुई मौतों का आंकड़ा भी मांगा है। विभाग इन घटनाओं की निगरानी कर रहा है और प्रभावित परिवारों को सहायता उपलब्ध कराने की तैयारी में जुटा है।
जिलों को जरूरत के अनुसार मिलेगी सहायता
सरकार द्वारा जारी राहत राशि को आवश्यकता के अनुसार जिलों में वितरित किया जाएगा। विभाग ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि सभी आंकड़े समय पर भेजे जाएं, ताकि राहत और मुआवजा प्रक्रिया में देरी न हो।

