
महुआडांड़ : महुआडांड़ शिक्षा के मंदिर में पढ़ने वाले बच्चे अपनी जान हथेली पर रखकर पढ़ाई करने को मजबूर हैं। नेतरहाट पंचायत स्थित मिडिल स्कूल करमखाड़ की बिल्डिंग कई वर्षों से जर्जर हालत में है और कभी भी भरभराकर गिर सकती है।
स्कूल के बच्चों ने बताया कि क्लासरूम की दीवारों में बड़ी-बड़ी दरारें हैं।
छत से प्लास्टर और ईंटें टूट-टूटकर गिरती रहती हैं। हमलोग को हर समय खतरे का डर बना रहता है।नेतरहाट पंचायत के मुखिया राम बिशुन नागेसिया ने बताया कि स्कूल की जर्जर स्थिति की जानकारी जिला प्रशासन को दी गई है। ग्रामीणों ने लातेहार उपायुक्त संदीप कुमार से मांग की है कि जर्जर भवन को तुरंत बंद कर बच्चों की सुरक्षा के लिए नए स्कूल भवन का निर्माण कराया जाए। उनका कहना है कि शिक्षा और सुरक्षा दोनों जरूरी हैं।

