ब्लूचिस्तान के नेता ने इमरान खान को सीपीईसी प्रोजेक्ट पर चेतावनी दी

News Aroma Media
3 Min Read
WhatsApp Group Join Now
Instagram Follow Now

नई दिल्ली: पाकिस्तान में ब्लूचिस्तान के ग्वादर आंदोलन से जुड़े नेता मौलाना हिदायतुर रहमान ब्लूच ने इमरान खान सरकार को चेतावनी देते हुए कहा है कि चीन-पाकिस्तान आर्थिक कोरिडोर (सीपीईसी) और ब्लूचिस्तान के संसाधनों पर स्थानीय लोगों का अधिकार है।

मौलाना रहमान ने ओरमारा में ब्लूच मछुआरों को संबोधित करते हुए कहा कि किसी को भी ब्लूचिस्तान समुद्र से संसाधनों की लूट खसोट नहीं करने दी जाएगी क्योंकि इन पर स्थानीय मछुआरों का हक है।

वह चीनी वाणिज्यिक मछुआरा ट्रालर का जिक्र कर रहे थे जो अरब सागर में बड़े पैमाने पर मछलियां पकड़ रहे हैं।

समाचार पत्र द डॉन के मुताबिक उन्होंने पाकिस्तानी नौसेना की ओर से की जा रही तारंबदी का जिक्र करते हुए कहा अगर अब से पाकिस्तान की नौसेना ने तारंबदी की तो उसे ओरमारा के लोगों से इसके बारे में पूछना होगा नहीं तो हम इसे नष्ट कर देंगे।

गौरतलब है कि जिस क्षेत्र में चीन इस कोरिडोर का निर्माण कर रहा है या नौसैनिक परियोजनाओं में संलग्न हैं , उसके आसपास पाकिस्तानी सेना तारबंदी कर रही है और इसकी वजह से स्थानीय लोगों का इन क्षेत्रों में प्रवेश सीमित हो गया है तथा ब्लूचिस्तान में भी उनकी गतिविधियां सीमित होती जा रही हैं।

यहां के लोगों में इस बात को लेकर भी गुस्सा है कि इस परियोजना से जुड़े रोजगार के अवसर स्थानीय युवकों के बजाए चीनी नागरिकों को दिए जा रहे हैं।

भौगोलिक और राजनीतिक मामलों के जानकार मार्क किनरा ने बताया कि मौलाना हिदायतुर का वह आंदोलन थोड़ा सफल होने के बाद वह चर्चा में आ गए हैं।

वह इस बात को लेकर थोड़ा परेशान हो सकते हैं कि ब्लूच लोगों के अधिकारों के लिए उनका पाकिस्तान सरकार के साथ किया गया समझौता एक तरह से विफल हो गया है क्योंकि अभी भी इस क्षेत्र में चीनी ट्रालर दिखाई दे रहे हैं और कारोबारी रिश्वत मांगे जाने तथा अवैध नाका बिंदुओं की शिकायत कर रहे हैं।

मौलाना हिदायतुर ने साफ तौर पर कहा है इस प्रांत के सारे संसाधन हमारे हैं, यह क्षेत्र हमारा है, सीपीईसी, यह तट और बंदरगाह भी हमारा है।

उन्होंने ब्लूचिस्तान के मुख्यमंत्री को चेतावनी देते हुए कहा कि अगर उनकी मांगों को पूरा नहीं किया गया तो वह एक लाख लोगों के साथ क्वेटा में धरना प्रदर्शन करेंगे।

उन्होंने कहा जब तक इस क्षेत्र से अवैध नाकाबंदी नहीं हटा दी जाती है और उन ट्रालर की गतिविधियों प्रतिबंध नहीं लगाया जाता तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा।

Share This Article