South Asian Throwball Championship 2026 : राजधानी रांची के खेलगांव स्थित हरिवंश टाना भगत इंडोर स्टेडियम में बुधवार को दूसरे साउथ एशियन थ्रो-बॉल चैंपियनशिप-2026 का भव्य आगाज हुआ। दो दिवसीय इस अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में भारत, नेपाल, भूटान, बांग्लादेश और श्रीलंका की पुरुष एवं महिला टीमें हिस्सा ले रही हैं। प्रतियोगिता के उद्घाटन के साथ ही रोमांचक मुकाबलों का सिलसिला शुरू हो गया, जिसमें खिलाड़ियों ने अपने शानदार खेल कौशल का प्रदर्शन कर दर्शकों का भरपूर मनोरंजन किया।

चैंपियनशिप का उद्घाटन झारखंड सरकार के वित्त मंत्री राधा कृष्ण किशोर ने किया। इस अवसर पर उन्होंने खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि खेल जीवन में अनुशासन, रणनीति और टीम भावना विकसित करते हैं। उन्होंने कहा कि भले ही वे राजनीति से जुड़े हैं, लेकिन थ्रो-बॉल जैसे खेलों से भी बहुत कुछ सीखने को मिलता है और इन अनुभवों का उपयोग सार्वजनिक जीवन में भी किया जा सकता है।
खिलाड़ियों को सरकारी सहायता देने के सवाल पर वित्त मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार खेलों के विकास और खिलाड़ियों को बेहतर अवसर उपलब्ध कराने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। सरकार खेल बुनियादी ढांचे को मजबूत बनाने और प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने की दिशा में लगातार कार्य कर रही है।
थ्रो-बॉल फेडरेशन ऑफ इंडिया के चेयरमैन रमन साहनी ने बताया कि मूल रूप से इस चैंपियनशिप का आयोजन नेपाल में प्रस्तावित था, लेकिन झारखंड थ्रो-बॉल एसोसिएशन के प्रयासों से इसकी मेजबानी झारखंड को मिली। उन्होंने कहा कि खिलाड़ियों के लिए यहां उत्कृष्ट सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं, जिससे सभी प्रतिभागी काफी संतुष्ट हैं।
झारखंड थ्रो-बॉल एसोसिएशन के चेयरमैन राजेश गुप्ता ने बताया कि सभी देशों से आए खिलाड़ियों और अधिकारियों के लिए आवास, भोजन, परिवहन तथा अन्य आवश्यक सुविधाओं की समुचित व्यवस्था की गई है। वहीं एसोसिएशन के अध्यक्ष वेदांत कौस्तव ने कहा कि झारखंड अब राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय खेल आयोजनों के लिए एक महत्वपूर्ण केंद्र के रूप में तेजी से उभर रहा है।
भारतीय पुरुष टीम के कप्तान सोनू कुमार ने टीम के प्रदर्शन को लेकर विश्वास जताते हुए कहा कि खिलाड़ी पूरी तैयारी और आत्मविश्वास के साथ मैदान में उतरे हैं। उनका लक्ष्य प्रतियोगिता में शानदार प्रदर्शन करते हुए शीर्ष स्थान हासिल करना है।
यह अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता न केवल खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का मंच दे रही है, बल्कि झारखंड के खेल बुनियादी ढांचे और आयोजन क्षमता को भी वैश्विक स्तर पर पहचान दिलाने का कार्य कर रही है। खेल प्रेमियों और खिलाड़ियों में आगामी मुकाबलों को लेकर विशेष उत्साह देखा जा रहा है।


