
महुआडांड ; महुआडांड प्रखंड के मिर्गी से चिरो जाने वाला महज 5 किलोमीटर लंबा मार्ग वर्षों से बदहाली का शिकार है। इस सड़क की दुर्दशा के कारण चिरो और आसपास के गांवों के हजारों ग्रामीणों को रोजाना परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।सड़क पर जगह-जगह बड़े-बड़े गड्ढे और पत्थर पड़े हैं। बरसात में पूरा रास्ता कीचड़ में तब्दील हो जाता है और गर्मी में धूल उड़ती है। थोड़ी सी बारिश होते ही आवागमन ठप हो जाता है। दोपहिया वाहन फिसलकर गिरते हैं ग्रामीणों का कहना है कि यह सड़क उनके लिए जीवन रेखा है। इसी रास्ते से होकर लोग बाजार, अस्पताल जाते हैं।
लेकिन सड़क खराब होने के कारण 5 KM की दूरी तय करने में 1.5 से 2 घंटे लग जाते हैं। सबसे ज्यादा परेशानी बीमार लोगों और स्कूली बच्चों को होती है। एंबुलेंस इस रास्ते पर आने से मना कर देती है। मजबूरी में गर्भवती महिलाओं और मरीजों को डोली या चारपाई पर लादकर अस्पताल ले जाना पड़ता है नाराज ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि इस महत्वपूर्ण मार्ग का स्थायी समाधान किया जाए। ग्रामीणों ने कहा कि या तो पूरे मार्ग का कालीकरण किया जाए या PCC सड़क का निर्माण कराया जाए।ग्रामीणों ने कहा, हमें बड़े वादे नहीं चाहिए। सिर्फ 5 KM पक्की सड़क चाहिए ताकि हमारा समय बचे, पैसा बचे और मरीज समय पर अस्पताल पहुंच सकें।

