
Rath Yatra Accident : खूंटी जिले के तोरपा प्रखंड में सोमवार को एक दर्दनाक हादसे में करंट लगने से दो स्कूली छात्रों की मौत हो गई, जबकि सात अन्य छात्र झुलस गए। घायलों में एक छात्र की हालत गंभीर होने पर उसे बेहतर इलाज के लिए रिम्स रेफर किया गया है। सभी छात्र श्री हरि प्लस टू विद्यालय, तोरपा के बताए जा रहे हैं। घटना के बाद पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई और मृतक छात्रों के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
जानकारी के अनुसार, विद्यालय में लंच ब्रेक के दौरान छात्र स्कूल परिसर के समीप स्थित मंदिर में रखे रथयात्रा के रथ के पास खेल रहे थे। इसी दौरान कुछ लोगों द्वारा बच्चों की मदद से रथ को एक स्थान से दूसरे स्थान पर हटाया जा रहा था। तभी रथ ऊपर से गुजर रही 11 हजार वोल्ट की हाई-टेंशन बिजली लाइन की चपेट में आ गया। करंट पूरे रथ में फैल गया, जिससे वहां मौजूद कई छात्र उसकी चपेट में आ गए।
हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों की सहायता से सभी घायलों को तत्काल तोरपा रेफरल अस्पताल पहुंचाया गया। गंभीर रूप से झुलसे चंदन कुमार और तेजेश्वर महतो को सदर अस्पताल रेफर किया गया, लेकिन रास्ते में ही दोनों ने दम तोड़ दिया। एक अन्य गंभीर छात्र को रिम्स भेजा गया है, जबकि अन्य घायल छात्रों रूपेश सिंह, अरमान आलम, पंकज राम, गिरिराज यादव, सुजय लोहरा, नीलाय एक्का समेत अन्य का इलाज तोरपा रेफरल अस्पताल में चल रहा है।
मृतक छात्र चंदन कुमार के पिता ननका यादव ने बताया कि बेटे के करंट लगने की सूचना मिलते ही वे अस्पताल पहुंचे, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है।
विद्यालय की प्राचार्य किरण हेरेंज ने बताया कि लंच ब्रेक के दौरान कई छात्र भोजन करने घर चले जाते हैं। घटना के समय बच्चे वहां कैसे पहुंचे, इसकी जानकारी विद्यालय प्रबंधन को नहीं थी।
वहीं बिजली विभाग के कार्यपालक अभियंता जेम्स कुजूर ने कहा कि रथ हटाने के लिए विभाग से किसी प्रकार की अनुमति नहीं ली गई थी। रथ को खिसकाने के दौरान ही यह हादसा हुआ। उन्होंने बताया कि मामले में संबंधित व्यक्ति के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई जाएगी।
घटना पर पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा ने गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने जिला प्रशासन से सभी घायलों के बेहतर इलाज की व्यवस्था करने तथा मृतक छात्रों के परिजनों और प्रभावित परिवारों को तत्काल हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने की मांग की है।

