
रांची : कांग्रेस ने नीट परीक्षा में लगातार सामने आ रही पेपर लीक और अनियमितताओं को लेकर केंद्र की NDA सरकार को कठघरे में खड़ा किया है। सोमवार को कांग्रेस भवन में मीडिया को संबोधित करते हुए कांग्रेस नेता अंबा प्रसाद ने इस मामले पर गंभीर चिंता जताई और सरकार की शिक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाए।
अंबा प्रसाद ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार की कथित लापरवाही और कमजोर व्यवस्था के कारण लाखों छात्रों का भविष्य प्रभावित हो रहा है। उन्होंने कहा कि देशभर में लगभग 23 लाख छात्र प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करते हैं और अपने परिवार की वर्षों की कमाई और मेहनत इसमें लगाते हैं, लेकिन बार-बार पेपर लीक और अनियमितताओं की घटनाएं उनके सपनों को नुकसान पहुंचा रही हैं।
उन्होंने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि शिक्षा व्यवस्था सुधारने के बड़े दावों के बावजूद जमीनी स्तर पर स्थिति लगातार खराब हो रही है। सरकार न तो समय पर जवाबदेही तय कर पा रही है और न ही परीक्षा प्रणाली को सुरक्षित बनाने के लिए ठोस कदम उठा रही है। बार-बार जांच और कार्रवाई के आश्वासन के बावजूद समस्या जस की तस बनी हुई है।
कांग्रेस ने राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) की कार्यप्रणाली पर भी गंभीर सवाल उठाए। पार्टी के अनुसार, जिस संस्था को देश की प्रमुख परीक्षाओं की जिम्मेदारी दी गई थी, वह अब अव्यवस्था, गोपनीयता में चूक और प्रशासनिक विफलताओं का प्रतीक बन चुकी है। लगातार पेपर लीक, परीक्षा केंद्रों में धांधली, परिणामों में गड़बड़ी और तकनीकी खामियों ने इसकी विश्वसनीयता पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
कांग्रेस ने मांग की कि नीट पेपर लीक मामले की जांच सुप्रीम कोर्ट के सेवानिवृत्त न्यायाधीश की निगरानी में स्वतंत्र रूप से कराई जाए और दोषियों पर सख्त कार्रवाई हो। साथ ही NTA की पूरी कार्यप्रणाली की व्यापक समीक्षा कर परीक्षा प्रणाली को पारदर्शी और सुरक्षित बनाया जाए।
पार्टी ने यह भी मांग की कि केंद्रीय शिक्षा मंत्री को नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा देना चाहिए, क्योंकि बार-बार हो रही इन घटनाओं के बावजूद व्यवस्था में सुधार नहीं हो पाया है।
कांग्रेस ने स्पष्ट किया कि वह देशभर के छात्रों के हितों और उनके भविष्य की सुरक्षा के मुद्दे को लगातार मजबूती से उठाती रहेगी और किसी भी प्रकार के समझौते को स्वीकार नहीं किया जाएगा।

