नंदीग्राम (पश्चिम बंगाल): दो पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने शुक्रवार को कहा कि राज्य से तृणमूल कांग्रेस का नाम और चिह्न साफ हो गया है।

शुभेंदु अधिकारी निर्वाचन आयोग द्वारा पार्टी के ममता बनर्जी और अरूप राय गुटों को अलग-अलग नाम और चुनाव चिह्न आवंटित किए जाने का जिक्र कर रहे थे। तृणमूल कांग्रेस 15 वर्षों तक राज्य में सत्ता में रही थी, जिसके बाद इस साल मई में भाजपा ने उसे सत्ता से बाहर कर दिया।
नंदीग्राम उपचुनाव में भाजपा उम्मीदवार हसीरानी रथ के लिए प्रचार करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘राज्य से तृणमूल कांग्रेस का नाम और (चुनाव) चिह्न मिट गया है।’’
राज्य में भ्रष्टाचार के मामलों में कई आरोपियों की गिरफ्तारी का जिक्र करते हुए उन्होंने किसी का नाम लिए बिना कहा, ‘‘मुख्य चोर भी जेल जाएगा।’’
मुख्यमंत्री ने लोगों से अपील की कि वे उपचुनाव में अपने वोट के जरिए यह सुनिश्चित करें कि सभी प्रतिद्वंद्वी उम्मीदवारों की जमानत जब्त हो जाए।
शुभेंदु अधिकारी ने विधानसभा चुनाव का जिक्र करते हुए कहा, ‘‘भवानीपुर में 15,505 वोटों से जीत हासिल करने के बाद मैंने कहा था कि ममता बनर्जी की पार्टी का कोई अस्तित्व नहीं रहेगा।’’
उन्होंने कहा, ‘‘ममता बनर्जी और उनके भतीजे अभिषेक बनर्जी की पार्टी चाहे कितनी भी कोशिश कर ले, ईवीएम में उसे ‘दो फूल और घास’ वाला चुनाव चिह्न नहीं दिखाई देगा।’
वर्ष 2007 के भूमि अधिग्रहण विरोधी आंदोलन के बाद से नंदीग्राम की राजनीति में सक्रिय शुभेंदु अधिकारी ने अल्पसंख्यक समुदाय के मतदाताओं से भाजपा उम्मीदवार का समर्थन करने की अपील की।
उन्होंने कहा, ‘‘आपको (अल्पसंख्यक मतदाताओं) दोस्ती का हाथ बढ़ाने का इससे बेहतर मौका नहीं मिलेगा।’’
मुख्यमंत्री ने कहा कि अल्पसंख्यकों पर ‘जय श्री राम’ का नारा लगाने का कोई दबाव नहीं है।
उन्होंने कहा, ‘‘अगर आप जय श्री राम नहीं कहना चाहते, तो मत कहिए; ‘भारत माता की जय’ कहिए।’’
पूर्व मेदिनीपुर के नंदीग्राम और मुर्शिदाबाद के रेजीनगर में छह अक्टूबर को उपचुनाव होंगे।


