रांचीः बंगाल की खाड़ी में बने निम्न दबाव का असर झारखंड में दिखाई दे रहा है। शुक्रवार को रांची समेत राज्य के कई हिस्सों में आंधी और मूसलाधार बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया। तेज हवाओं के कारण कई जगह पेड़ और बिजली के पोल उखड़ गए, जिससे घंटों तक बिजली आपूर्ति बाधित रही। खराब मौसम का असर हवाई सेवाओं पर भी पड़ा और रांची से संचालित 13 विमानों की कुल 26 उड़ानें रद्द करनी पड़ीं। इसके चलते 5000 से अधिक यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा और वे अपने गंतव्य तक नहीं पहुंच सके। खराब मौसम का असर रेल सेवाओं पर भी देखने को मिला। पटना जनशताब्दी समेत कई ट्रेनें घंटों की देरी से चलीं। लगातार बारिश के कारण राज्य की कई प्रमुख कोयला खदानों में पानी भर गया, जिससे उत्पादन और डिस्पैच प्रभावित होने की बात कही जा रही है। कई जिलों के ग्रामीण इलाकों से कच्चे मकान क्षतिग्रस्त होने की भी सूचना मिली है।

मौसम विभाग ने शनिवार को भी राज्य में भारी बारिश की संभावना जताई है। वहीं रांची जिला प्रशासन ने एहतियात के तौर पर शनिवार को सभी स्कूलों को बंद रखने का आदेश जारी किया है। मौसम विभाग के अनुसार 26 से 27 सितंबर तक राज्य के पांच जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है। लोगों को मौसम की स्थिति पर लगातार नजर रखने और सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
26 सितंबर को इन जिलों में येलो अलर्ट
मौसम विभाग के मुताबिक 26 से 27 सितंबर के दौरान गढ़वा, पलामू, चतरा, लातेहार और रांची जिलों में येलो अलर्ट रहेगा। इन इलाकों में 64.5 से 204.4 मिलीमीटर तक बारिश होने की संभावना जताई गई है। येलो अलर्ट का मतलब है कि लोगों को मौसम की स्थिति से अपडेट रहना चाहिए और जरूरी सावधानी बरतनी चाहिए। इस दौरान कई जगहों पर गरज-चमक के साथ बारिश भी हो सकती है। हालांकि 26 से 27 सितंबर के लिए राज्य के अन्य सभी जिलों में ग्रीन अलर्ट जारी किया गया है।
बाढ़ का खतरा बढ़ा
लगातार हो रही बारिश के कारण कई नदी-नाले उफान पर हैं। मौसम विभाग ने शनिवार को पूर्वी सिंहभूम और पश्चिमी सिंहभूम में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। इसके साथ ही इन जिलों में बाढ़ की आशंका भी जताई गई है। वहीं पलामू, गढ़वा, लातेहार और सिमडेगा में भी भारी बारिश को लेकर येलो अलर्ट जारी किया गया है। रांची में दोपहर दो से तीन बजे के बाद मूसलाधार बारिश होने की संभावना है। इस दौरान 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं और वज्रपात की भी आशंका है।
सरायकेला में सबसे ज्यादा बारिश
शुक्रवार को राज्य में सबसे अधिक 94.5 मिमी बारिश सरायकेला में दर्ज की गई। इसके अलावा रामगढ़ में 81 मिमी, गिरिडीह में 80.2 मिमी, धनबाद में 76 मिमी, पश्चिमी सिंहभूम में 72.4 मिमी, खूंटी में 68.8 मिमी और रांची में 60.2 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई।
जनजीवन पूरी तरह प्रभावित
लगातार बारिश और तेज हवाओं के कारण संताल, कोल्हान और कोयलांचल समेत पूरे झारखंड में जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। धनबाद, बोकारो, पाकुड़, दुमका और गिरिडीह में कई स्थानों पर बड़े पेड़ और दीवारें गिरने की खबरें सामने आई हैं। झरिया में दामोदर नदी का जलस्तर करीब 6 फीट बढ़ गया है।


